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Adv. Vikas Puri

I am Advocate Vikas Puri, interested in solving intricate cases. I have 8 years of experience. I have done my graduation in Law. I am enrolled in the Bar Council of Delhi and practicing in Delhi High Court, Karkardooma Court, Patiala House Court, Saket Court, Tis Hazari Court. I'm well trained in the field of Agreements, Cheque Bounce, Couple Protection, Court Marriage, Criminal Matter, Employment Matter, Marriage Registration, Money Recovery, Null & Void Marriage. I love to familiarise myself with tricky rigid cases related to both companies and individuals, identifying legal concerns and creating new and unharmed strategies for my clients.

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माता की मृत्यु के बाद क्या बच्चे पर इसका जैविक पिता दावा कर सकता है ?

माता की मृत्यु के बाद क्या बच्चे पर इसका जैविक पिता दावा कर सकता है ?

जैविक पिता के क्या अधिकार है? जैविक पिता के कुछ महत्वपूर्ण अधिकार निम्नलिखित हैं: पितृत्व के अधिकार जैविक पिता का सबसे महत्वपूर्ण अधिकार है पितृत्व का अधिकार, जिसके अंतर्गत उन्हें उनके बच्चे के पालन, देखभाल और परवरिश का अधिकार होता है। संपर्क का अधिकार जैविक पिता को अपने बच्चे के साथ संपर्क का अधिकार होता …

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CARA के अनुसार गोद लेने की प्रक्रिया का उलंघन होता हैं या नहीं?

CARA के अनुसार गोद लेने की प्रक्रिया का उलंघन होता हैं या नहीं?

भारत में गोद लेने की प्रक्रिया एक महत्वपूर्ण और संवेदनशील विषय है। इस प्रक्रिया के तहत, आश्रयगृह के माध्यम से अनाथ बच्चों को उन अभिभावकों तक पहुंचाया जाता है जो गोद लेना चाहते हैं। हालांकि, इस प्रक्रिया को आयोजित करने के लिए एक नियमावली है, जिसे Central Adoption Resource Authority (CARA) द्वारा निर्धारित किया गया …

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क्या भारत में जजों को गिरफ्तार किया जा सकता है?

क्या भारत में जजों को गिरफ्तार किया जा सकता है?

हाँ, भारत में जजों को गिरफ्तार किया जा सकता है। जजों को भी वामपंथियों के साथ जुड़ा जा सकता है जब वे किसी अपराध के आरोप में होते हैं और किसी अन्य अदालत या अधिकारिक संगठन द्वारा संदिग्ध होते हैं। जजों को उनके कार्यकाल के दौरान और नियमित प्रक्रिया के अधीन ही गिरफ्तार किया जा …

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क्या वकीलों को गर्मी में काला कोट पहनने से छूट दी गयी है?

क्या वकीलों को गर्मी में काला कोट पहनने से छूट दी गयी है?

यदि आप में से कोई कोर्ट गया है, या आपने किसी वकील को देखा है, तो अक्सर उन्हें काले गाउन और काले कोर्ट में ही देखा होगा। लेकिन आपको तो पता ही है कि गर्मी का समय आते-आते काला रंग पहनना कितना मुश्किल काम हो जाता है। काले रंग की वजह से और ज्यादा गर्मी …

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12वीं कक्षा की छात्रा को क्यों नाबालिग नहीं मान सकते

12वीं कक्षा की छात्रा को क्यों नाबालिग नहीं मान सकते

12वीं कक्षा की छात्रा को नाबालिग माना नहीं जाता है क्योंकि भारतीय कानून के अनुसार, व्यक्ति को नाबालिग माना जाता है जब वह 18 वर्ष से कम उम्र का होता है। इसका कारण है कि 18 वर्ष वाले या उससे कम उम्र के व्यक्ति को समझदारी और न्यायिक फैसलों के लिए अपर्याप्त समझा जाता है …

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आरटीआई एक्ट के तहत पहली अपील कब और कैसे करें?

आरटीआई एक्ट के तहत पहली अपील कब और कैसे करें?

आरटीआई (Right to Information Act) एक्ट के तहत पहली अपील करने के लिए आपको निम्नलिखित चरणों का पालन करना होगा अपील के लिए संबंधित संगठन या विभाग का पता ढूंढें पहली अपील के लिए आपको उस संगठन या विभाग का पता ढूंढना होगा जिसके खिलाफ आप अपील करना चाहते हैं। यह संगठन सरकारी या निजी …

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आर्बिट्रेशन और मीडीएशन के बीच क्या अंतर है?

आर्बिट्रेशन और मीडीएशन के बीच क्या अंतर है?

आर्बिट्रेशन और मीडीएशन पार्टियों के बीच विवादों को हल करने की एक वैकल्पिक प्रणाली है। लंबित मामलों के कारण न्यायपालिका पर अत्यधिक बोझ है और भारतीय न्यायपालिका के तनाव को कम करने के लिए मीडीएशन  और मीडीएशन  के प्रावधान किए गए हैं। मीडीएशन  और मीडीएशन  आम आदमी की तरह ही दिखाई देती है लेकिन वास्तव …

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तेजाब से हमला करने पर भारत में क्या सज़ा दी जाती है?

तेजाब से हमला करने पर भारत में क्या सज़ा दी जाती है?

तेजाब से हमला करना भारतीय दण्ड संहिता में एक गंभीर अपराध माना जाता है और इसके लिए कठोर सजा निर्धारित की जा सकती है। इस अपराध की सजा अपराध की गंभीरता, तात्पर्य और अन्य अंशों पर निर्भर करती है। तेजाब से हमला करने के लिए, आरोपी को भारतीय दण्ड संहिता के तहत कई धाराओं में …

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समान नागरिक संहिता और भारत में विवाह पर इसका प्रभाव

समान नागरिक संहिता और भारत में विवाह पर इसका प्रभाव

समान नागरिक संहिता (Uniform Civil Code) एक विवादास्पद मुद्दा है जो भारत में विवाह और व्यक्तिगत संबंधों के क्षेत्र में सामान्य नागरिक संहिता के लागू होने की मांग करता है। विभिन्न धार्मिक समुदायों के अनुसार, विवाह, तलाक, संपत्ति, विरासत और अन्य व्यक्तिगत संबंधों के लिए अलग-अलग कानूनी प्रणाली लागू होती हैं। समान नागरिक संहिता का …

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नया घर खरीदने से पहले किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?

नया घर खरीदने से पहले किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?

नया घर खरीदना हर किसी की ज़िन्दगी के अहम फैसलों में से एक होता है। आप अपने इन्वेस्टमेन्ट का एक बड़ा हिस्सा अपने नए घर पर खर्च करने जा रहे हैं। कई बार लोग अपने सपनों का घर खरीदने के लिए होम लोन लेते हैं। इस तरह की बड़ी रकम में इन्वेस्ट करने से पहले …

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