Blogs Written By

Adv. Shubham Sonkar

I am Advocate Shubham Sonkar, interested in solving intricate cases. I have 7 years of experience. I have done my graduation in Law. I am enrolled in the Bar Council of Delhi and practicing in Delhi High Court, Karkardooma Court, Patiala House Court, Supreme Court Of India, Tis Hazari Court. I'm well trained in the field of Court Marriage, Criminal Matter, Cyber Fraud, Divorce, Family, High Court, Property. I love to familiarise myself with tricky rigid cases related to both companies and individuals, identifying legal concerns and creating new and unharmed strategies for my clients.

Adv. Shubham Sonkar
क्या नाजायज़ बच्चे पुश्तैनी प्रॉपर्टी के हक़दार है?

क्या नाजायज़ बच्चे पुश्तैनी प्रॉपर्टी के हक़दार है?

सभी कहते है कि बच्चे भगवान् का रूप होते है। अगर वही वो एक नाजायज़ बच्चा हो तो सभी की सोंच और नजरिया बदल जाता है। हालाँकि, कानून की नज़र में ऐसा नहीं है। सुप्रीम कोर्ट ने एक केस के चलते फैसला सुनाया कि नाजायज बच्चे भी अपने पेरेंट्स की प्रॉपर्टी के हकदार है। हांलांकि, …

क्या नाजायज़ बच्चे पुश्तैनी प्रॉपर्टी के हक़दार है? Read More »

भारत में किरायेदार के क्या अधिकार है?

भारत में किरायेदार के क्या अधिकार है?

बहुत अधिकार हैं जो किरायेदार और मकान मालिक के बीच परस्पर जुड़े हुए होते हैं। जब भी एक मकान मालिक किसी किरायदार को अपनी प्रॉपर्टी किराय पर देता है तब उनके बीच यह रिश्ता एक कॉन्ट्रैक्ट के माध्यम से बनाया जाता हैं। आइए इस लेख के माध्यम से किरायेदार के अधिकारों को समझते हैं। एक …

भारत में किरायेदार के क्या अधिकार है? Read More »

जीएसटी रजिस्ट्रेशन कब जरूरी है?

जीएसटी रजिस्ट्रेशन कराना कब जरूरी है?

जीएसटी रजिस्ट्रेशन वह प्रोसेस होता है जिसके अंदर हर टैक्स देने वाला व्यक्ति (Goods and Service Tax) रजिस्ट्रेशन के तहत एक टैक्स देने वाले व्यक्ति के रूप में रजिस्टर हो जाता है। रजिस्ट्रेशन प्रोसेस पूरी हो जाने के बाद गुड्स एंड सर्विस टैक्स आइडेंटिफिकेशन नंबर (जीएसटीआईएन) दे दिया जाता है। जीएसटी रजिस्ट्रेशन कैसे करें और …

जीएसटी रजिस्ट्रेशन कराना कब जरूरी है? Read More »

भारतीय शादियां पश्चिमी संस्कृति से प्रभावित नहीं होंगी

भारतीय शादियां पश्चिमी संस्कृति से प्रभावित नहीं होंगी

सामाजिक संरचना का आधार विवाह है। हिंदू कानून विवाह को एक अघुलनशील, अमर संस्कार के रूप में देखता है। विवाह की पवित्र प्रकृति ने कुछ असामान्यताओं को जन्म दिया है। वेद, हिंदू लेखन का सबसे पहला संग्रह, कहता है कि हिंदू विवाह जीवन भर चलते हैं। इसका उद्देश्य दो लोगों को एक करना है ताकि …

भारतीय शादियां पश्चिमी संस्कृति से प्रभावित नहीं होंगी Read More »

कॉपीराइट और इसके फायदे

कॉपीराइट और इसके फायदे

कॉपीराइट क्या होता है? किसी भी प्रकार का कंटेंट जैसे गाने, फिल्म, पेंटिंग, लेखन, आदि, जिन्हे बनाने में एक व्यक्ति की क्षमता, एनर्जी, उसकी समझ, उसकी क्रिएटिविटी, पैसा, संसाधन आदि यूज़ होता है। कॉपीराइट लेने की क्या जरूरत हैं? अगर कोई अन्य व्यक्ति इस प्रकार के किसी भी कंटेंट को चुराता है या इसकी नक़ल …

कॉपीराइट और इसके फायदे Read More »

नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट के तहत केसिस को जल्दी सुलझाने के लिए क्या कदम उठाये जा सकते है?

नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट के केस को जल्द सुलझाने का क्या तरीका है?

भारतीय कानूनी प्रणाली में खोजे जा सकने वाले मामलों के सबसे बड़े जत्थों में से एक निगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट, 1881 से सम्बंधित केस शामिल हैं। एक हालिया रिपोर्ट के अनुसार, जिन्हें एक स्वत: संज्ञान रिट याचिका मामले में एमिकस क्यूरी के रूप में नियुक्त किया गया था, उस ने तर्क दिया कि अदालतों के समक्ष …

नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट के केस को जल्द सुलझाने का क्या तरीका है? Read More »

हम जमानत के लिए वकील कैसे रख सकते हैं?

हम जमानत के लिए वकील कैसे रख सकते हैं?

जब किसी व्यक्ति को गिरफ्तार किया जाता है तो उसे जमानत पाने का कानूनी अधिकार होता है। जमानत पुलिस की हिरासत से एक व्यक्ति की कानूनी रिहाई है जिस पर कुछ अपराधों का आरोप लगाया गया है। किसी भी व्यक्ति को अपनी जमानत के लिए वकील की ज़रूरत होती है।  आइये आज के इस लेख …

हम जमानत के लिए वकील कैसे रख सकते हैं? Read More »

आरटीआई फाइल करने की पूरी प्रोसेस क्या है?

आरटीआई फाइल करने की पूरी प्रोसेस क्या है?

सूचना का अधिकार अधिनियम लागू करने का मुख्य उद्देश्य देश के नागरिकों को ज्यादा शक्ति देना है। ऐसा करने के लिए, राष्ट्र की सरकार को उनके द्वारा किए जाने वाले कामों के लिए जवाबदेह होना चाहिए, भ्रष्टाचार को खत्म करना चाहिए, और वास्तव में लोकतंत्र के लिए काम करना चाहिए। जिन नागरिकों को अपने देश, …

आरटीआई फाइल करने की पूरी प्रोसेस क्या है? Read More »

आरोपी को कौन से दस्तावेज कोर्ट द्वारा फ्री मिल सकते है?

आरोपी को कौन से दस्तावेज कोर्ट द्वारा फ्री मिल सकते है?

भारत में आपराधिक प्रक्रिया संहिता (CRPC) में ऐसे प्रावधान हैं जो आपराधिक मामलों में पालन की जाने वाली प्रक्रिया को निर्धारित करते हैं। सीआरपीसी की एक महत्वपूर्ण धारा हैं जो धारा 207 है, जो मुकदमे के लिए मजिस्ट्रेट को मामला भेजने की प्रक्रिया से संबंधित है। एक पुलिस अधिकारी द्वारा एक आपराधिक मामले की जांच …

आरोपी को कौन से दस्तावेज कोर्ट द्वारा फ्री मिल सकते है? Read More »

क्या समलैंगिक लोग भी शादी का रजिस्ट्रेशन करा सकते है?

क्या एलजीबीटी कम्युनिटी के लोग भी शादी का रजिस्ट्रेशन करा सकते है?

धारा 377 को आईपीसी में 1861 ईसवी में उस समय के ब्रिटिश शासक लॉर्ड मेकाले ने लागू किया था यह कहकर की ये प्रकृति के नियमो के विरुद्ध है, वो अंग्रेज जिनको हमने बहुत ही प्रगतिशील और आधुनिक सोच का माना था, लेकिन समय के साथ साथ विचारो पर विकार आता गया और भारत के …

क्या एलजीबीटी कम्युनिटी के लोग भी शादी का रजिस्ट्रेशन करा सकते है? Read More »